इस ग्लोबलाइजेशन के दौर में कारोबार विश्व व्यापक हो रहा है। आम लोगों के साथ ही व्यापारी भी रोजाना बिजनेस पर्पज से ट्रेवेल करते हैं। ऐसे में अधिक धन कैश में लेकर चलना सुरक्षा की लिहाज से सही है।

लेकिन काम कराने के लिए पैसों की जरूरत तो पड़ती ही है। इसके लिए बैंक अकाउंट और एटीएम की सुविधा होने से बहुत आसान हो गया है।

अब लोग पैसा अपने अकाउंट में जमा कर देते हैं और जहां जरूरत पड़ती है वहां पर एटीएम से निकाल लेते हैं। इस तरह अब बैंकिंग पहले की तुलना में बहुत आसान हो गई है।

अधिक पैसा साथ में लेकर चलने की झंझट से छुटकारा हो गया है। बैंक में अकाउंट होने से ग्राहक को कई प्रकार का लाभ होता है। ग्राहक चेक काट सकता है। बैंक से बैंक में पैसा ट्रांसफर कर सकता है। डीडी बनवा सकता है।

एक से अधिक बैंक अकाउंट होना

बिजनेस लोन के लिए जब कोई कारोबारी किसी बैंक में अप्लाई करता है तो कई बैंकों की यह शर्त होती है की उनके बैंक में अकाउंट होना चाहिए। ऐसे में पहले से बैंक अकाउंट होने के बावजूद कई बैंक अकाउंट खुल जाते हैं।

इसे एक उदाहरण के तौर पर देखें तो, सोनल एक कामयाब इंजीनियर है। सोनल ने कई कंपनियों में नौकरी किया है। सोनल ने जिस भी कंपनी में नौकरी ज्वाइन किया वहां पर उसका एक नया जीरो बैंलेस पर बैंक खाता खुलता गया।

यहां हम देखते हैं की सोनल के नौकरी बदलने के क्रम में उनके ये खाते खुलते गए। उन्होंने अलग-अलग शहरों में नौकरी की। जहां रहीं वहां पर जरूरी चीजों की पेमेंट वहां के बैंक खाता से लिंक कर दिया।

कुछ समय बाद सोनल तमाम बैंक के अकाउंट को मैनेज करने में दिक्कतों का सामना करने लगी। अब सोनल चाहती हैं की वह कुछ कुछ बैंकों के अकाउंट को बंद कर दें। लेकिन दिक्कत यह है की सोनल के लगभग सभी बैंक अकाउंट से किसी न किसी चीज की बिल कटती है। EMI कटती है।

ऐसे में सोनल के लिए यहां पर अपना कोई भी बैंक अकाउंट बंद करना चुनौती है। वहीं जब से भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा बैंक खातों में मिनिमम बैलेंस न होने पर चार्ज लगना शुरु हुआ है तब से सभी अकाउंट में एक निश्चित धनराशि रखना अनिवार्य हो गया है।

चूँकि अब आधार कार्ड और पैन कार्ड अकाउंट से अटैच होने के वजह से अब ऐसा भी नहीं रह गया है की कई बैंक अकाउंट खुलवाकर इनकम टैक्स विभाग की नजरों से बचा जा सकता है।

ऐसे में स्थिति में क्या किया जा सकता है? स्वभाविक तौर ऐसा तो नहीं हो सकता है की सभी अकाउंट एक सह ही बंद कर दें। ऐसा करने पर कई तरह की दिक्कते एक साथ आ जायेंगी।

अधिक सेविंग बैंक अकाउंट होने पर क्या करना चाहिए?

सबसे पहले यह देखना चाहिए की व्यक्ति के पास कितना बैंक अकाउंट है। दूसरी चीज यह देखना चाहिए की व्यक्ति का काम कितने बैंक अकाउंट से चल सकता है। यानी बिजली बिल, पानी बिल, लोन EMI कितने अकाउंट से मैनेज हो सकता है।

माना किसी के पास 5 सेविंग बैंक अकाउंट है लेकिन उस व्यक्ति का काम 2 सेविंग अकाउंट से चल सकता है तो ऐसी स्थिति में 3 सेविंग बैंक अकाउंट बंद करवाना फायदेमंद साबित होगा। लेकिन, बैंक अकाउंट बंद करने से पहले कुछ महत्वपूर्ण बातों पर जरूरी रुप से ध्यान देना आवश्यक है।

  • बैंक अकाउंट बंद करने अकाउंट डी लिंक जरुर कर लेना चाहिए।
  • अकाउंट से कट रही EMI को किसी और अकाउंट से अटैच करना अनिवार्य होता है।
  • बैंक अकाउंट से बकाया पैसा निकाल लेना अनिवार्य होता है।

क्लिक कर जानिए: बैंक खाता बंद करने से पहले इन बातों का रखें ध्यान

इस तरह हमारी सलाह है की दो या अधिकतम तीन से ज्यादा खातों के अलावा बाकी सभी अकाउंट को बंद करना फायदेमंद होता है।