अधिकतर लोग इस सिक्योर्ड लोन और अनसिक्योर्ड लोन को लेकर हमेशा असमंजस में रहते हैं। तो कुछ लोगो को लगता है कि सभी लोन एक ही होते हैं। लेकिन आपको बता दूँ कि सिक्योर्ड लोन और अनसिक्योर्ड लोन दोनों अलग होता है।

सिक्योर्ड लोन और अनसिक्योर्ड लोन में में अंतर देखने में तो सिर्फ दो अक्षरों का ही अंतर है लेकिन इन दो अक्षरों में बहुत अधिक अंतर होता है। इसे हम इस तरह भी कह सकते हैं कि सिक्योर्ड लोन और अनसियोर्ड लोन में जमीन – आसमान का अंतर होता है।

सियोर्ड बिजनेस लोन के तहत कुछ संपत्ति गिरवी रखने के बदले बिजनेस लोन मिलता है। वहीं अनसियोर्ड बिजनेस लोन में बिना कुछ गिरवी रखे बिजनेस लोन मिलता है। यानी एक लोन संपत्ति गिरवी रखने के बदले मिलता है और दूसरा लोन बिना संपत्ति गिरवी रखे मिलता है।

सिक्योर्ड और अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन को और अधिक बेहतरीन तरीके से समझने के लिए हमें इसको और विस्तार से समझना चाहिए।

सिक्योर्ड बिजनेस लोन क्या होता है?

सिक्योर्ड अंग्रेजी भाषा का शब्द है। सिक्योर्ड शब्द का हिन्दी में अर्थ सुरक्षित होता है। अगर वित्तीय क्षेत्र में सिक्योर्ड शब्द अर्थ लगाना होता है तो हम उसे गिरवी कहते हैं। इस तरह देखें तो दोनों शब्द के अर्थ को समझने के लिए दोनों शब्दों का अर्थ अलग – अलग करके देखना पड़ता है।

सिक्योर्ड यानी गिरवी (सुरक्षित) लोन। यानी जब कोई बैंक या कंपनी लोन देती है तो लोन की रकम के बदले में बैंक/कंपनी को लोन की रकम के बराबर कुछ गिरवी चाहिए होता है। गिरवी में खेत की जमीन, घर, दुकान, जूलरी, फिक्स्ड डिपोजिट इत्यादि जमा किया जा सकता है।

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इस तरह हम कह सकते हैं कि सिक्योर्ड बिजनेस लोन उस लोन को कहते हैं, जिसे प्राप्त करने के लिए व्यक्ति को सिक्योरिटी के रूप में संपत्ति गिरवी रखनी पड़ती है। यह संपत्ति सोना, प्रॉपर्टी और गाड़ी इनमें से कुछ भी हो सकती है।

आपको जानकारी के लिए बता दूँ कि गिरवी रखने के बदले मिलने वाले बिजनेस लोन पर ब्याज अलग – अलग लागू होता है। ब्याज दर गिरवी रखी गई संपत्ति पर निर्भर करता है। सिक्योर्ड बिजनेस लोन की खास बात यह है कि यह बिजनेस लोन बहुत आसानी से मिल जाता है।

अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन

जैसा कि नाम से जी स्पष्ट हो जाता है अनसिक्योर्ड यानी असुरक्षित बिजनेस लोन। अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन पाने के लिए कोई संपत्ति गिरवी नही रखना होता है। भारत में ऐसे बहुत से कारोबारी हैं जो अपना खुद का बिजनेस चला रहे हैं। लेकिन उनकी पूंजी कम है।

कम पूंजी होने के कारण वह अपने बिजनेस का विस्तार नही कर पाते हैं। इन कारोबारियों के पास इतनी संपती नही होती है कि वह उसे गिरवी रखकर सिक्योर्ड बिजनेस लोन ले सकें। ऐसी स्थिति में ये कारोबारी क्या करेंगे?

इन्हीं कारोबारियों के लिए बैंक और गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थान (एनबीएफसी) अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन प्रदान करते हैं। कारोबारी को अपना बिजनेस बढ़ाने के लिए अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन बिना कुछ गिरवी रखे दिया जाता है।

अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन मूलतः बिजनेस के ऊपर दिया जाता है। अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन की शर्तें बहुत आसान होती हैं। शर्तों में मुख्यतः बिजनेस का सालाना टर्नओवर, आईटीआर, बिजनेस का प्रूफ, बिजनेस या घर में से किसी एक के मालिकाना हक़ प्रूफ चाहिए होता है।

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इस तरह देखा जाये तो सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमियों (एमएसएमई) के लिए अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन बहुत फायदे का सौदा है। कारोबारी जब चाहे तब अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन लेकर अपने बिजनेस का विस्तार कर सकते हैं।

सिक्योर्ड और अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन में से बेहतर कौन?

वर्तमान में हर वक्त टेक्नोलॉजी बदल रही है। उन्नत हो रही है। ऐसे में बदलती टेक्नोलॉजी का प्रभाव मशीनों पर पड़ता है। जब मशीने प्रभावित होती हैं तो कारोबार में उत्पादकता प्रभावित होती है। इसीलिए मशीनों के उपकरण को समय – समय पर बदलते रहना चाहिए।

नई टेक्नोलॉजी युक्त मशीनों को खरीदना भी कारोबार में उत्पादकता बढ़ाने के लिए सहायक है। लेकिन ऐसा नही होता है कि हर कारोबारी के पास नई मशीन खरीदने के लिए या मशीनों का उपकरण बदलने के लिए उपयुक्त धन हो।

ऐसे में कारोबारी यह तो नही कर सकता है कि वह अपना कारोबार ही बंद कर दे। तो इसका विकल्प क्या हो सकता है? इसका विकल्प हो सकता है – बिजनेस लोन। बिजनेस लोन की सहायता से कारोबार में इस्तेमाल होने वाले मशीनों की खरीददारी की जा सकती है। मशीनों के उपकरण बदले जा सकते हैं।

बिजनेस में कुछ आवश्यकताएं ऐसी होती हैं कि उनको पूरा करना अनिवार्य होता है। अगर समय पर बिजनेस की जरूरत नही पूरी की गई तो बिजनेस में घाटा होने की संभावना होती है। ऐसी स्थिति में भी बिजनेस लोन सहायक सिद्ध हो सकता है।

अब सवाल यह आता है कि किस तक का बिजनेस लोन लेना सही रहेगा? या किस तरह का बिजनेस लोन लेना चाहिए? कारोबारी अगर सिक्योर्ड बिजनेस लोन के लिए अप्लाई करते हैं तो उनको लोन की रकम के बराबर संपत्ति गिरवी रखना होता है।

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जरूरी नही है कि कारोबारी के पास इतनी संपत्ति हो कि वह उसे गिरवी रखकर सिक्योर्ड बिजनेस लोन ले सके। ऐसे में कारोबारी के पास अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन लेने का विकल्प होता है। अनसिक्योर्ड बिजनेस कारोबारी को तुरंत बिजनेस लोन मिल जाता है।

इस तरह देखें तो कारोबारी अपने बिजनेस मनमुताबिक विस्तार कर सकता है। वहीं कारोबारी सिर्फ सिक्योर्ड बिजनेस लोन के भरोसे रहता तो वह अपने बिजनेस का विस्तार नहीं कर सकता। अनसिक्योर्ड बिजनेस लोन कारोबार के लिए सदैव बेहतर होता है।

ZipLoan से पाइए सिर्फ 3 दिन में बिजनेस लोन

गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थान (एनबीएफसी) क्षेत्र की प्रमुख बिजनेस लोन देने वाली कंपनी ZipLoan है। ZipLoan द्वारा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम श्रेणी के कारोबारियों को 5 लाख रुपये तक का बिजनेस लोन सिर्फ 3 दिन* में प्रदान किया जाता है।

ZipLoan से मिलने वाला बिजनेस की खास बात यह है कि यहां से बिजनेस लोन बिना कुछ गिरवी रखे मिलता है। 6 महीने बाद प्री पेमेंट चार्जेस फ्री होता है और कम कागजातों पर बिजनेस लोन दिया जाता है। ZipLoan से बिजनेस लोन के लिए जिन कागजातों की जरूरत पड़ती है वह निम्न हैं:

घर या बिजनेस की जगह में से किसी एक का मालिकाना प्रूफ (यह ब्लड रिलेटिव यानी माता – पिता, भाई – बहन, पति – पत्नी, पुत्र – पुत्री के नाम पर हो तो भी मान्य किया जाता है)

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